उत्तर प्रदेश कुशीनगर राजनीति

कुशीनगरःःकिसानों की समस्याओं को लेकर भाकियू (भानु) के कार्यकर्ताओं ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

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डेस्क. कुशीनगर। भारतीय किसान यूनियन (भानु) की जिला इकाई, कुशीनगर के जिलाध्यक्ष रामचन्द्र सिंह अपने कार्यकर्ताओं के साथ नौ सूत्रीय माँगों का ज्ञापन प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी, और मुख्यमन्त्री योगी आदित्यनाथ से सम्बन्धित अरविन्द कुमार, उपजिलाधिकारी, कप्तानगंज को सौपते हुए माँग किये है कि केंद्र सरकार द्वारा किसान आयोग का गठन किया जाय और उसमे किसानों को ही सदस्य बनाया जाय और किसान आयोग का अध्यक्ष किसान ही रहे| किसानों को अपने फसलों के मूल्यों को तय करने का अधिकार मिले| केंद्र सरकार स्वामीनाथन आयोग को जल्द से जल्द लागू करें| केंद्र सरकार देश के प्रत्येक ब्यक्ति जिनकी उम्र 60 साल के ऊपर है उन्हें दस हजार रूपये प्रति माह पेंशन देने की ब्यवस्था सुनिश्चित करें| लक्ष्मीगंज परिक्षेत्र में लगभग 500 मजरों के 65-70 हज़ार हेक्टेयर रकवा मे गन्ने की खेती परम्परागत से होती आ रही है और हर वर्ष लगभग 40-45 लाख कुन्तल गन्ना का उत्पादन होता है और इस गन्ने के सहारे जनपद कुशीनगर की तीन-तीन चीनी मीलें (रामकोला, कप्तानगंज और ढाड़ा) 4 से 5 महीने संचालित होती है| यदि गन्ने के क्षेत्रफल और गन्ना उत्पादन से चीनी मिले चलाई जाती है तो राज्य सरकार को तत्काल लक्ष्मीगंज बन्द चीनी मील को चलवाने के लिये घोषणा कर देना चाहिए| प्रदेश सरकार किसानों को खेती करने के लिये 24 घंटे बिजली उपलब्ध कराये| सूबे के मुख्यमन्त्री का आदेश है कि किसानों के गन्ने का भुगतान 14 दिन में मीलों द्वारा किया जाय लेकिन इस आदेश का पालन मील मालिकों द्वारा नही किया जा रहा है जिसके वजह से किसान गन्ने के भुगतान को लेकर काफी आक्रोशित नजर आ रहा है| जनपद कुशीनगर के सेवरहीं और कप्तानगंज चीनी मील पर किसानों के गन्ने का भुगतान जो बाकी है उसे तत्काल कराया जाय जो किसान हित में मील का पत्थर साबित होगा| जनपद कुशीनगर के नहरों की साफ़ सफाई कराकर हेड से टेल तक पानी पहुंचाया जाय ताकि रवी की फसल की सिचाई करने में किसानों को कोई परेशानी न हो सके| राज्य सरकार पेराई सत्र 2019-20 के गन्ने का मूल्य 500/- प्रति कुन्तल निर्धारित करें| अन्त में यूनियन के जिलाध्यक्ष श्री सिंह ने केंद्र और राज्य सरकार को आगाह किया है कि यदि उपरोक्त माँगों के ऊपर त्वरित कार्यवाही नही किया गया तो हमारा किसान हित में कोई भी लड़ाई लड़ने के लिये वाध्य होगें जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी| इस मौके पर हरि जी, रामप्यारे शर्मा,चेतई प्रसाद, रामअधार प्रसाद, भोरिक यादव, मनोहर प्रसाद, रामधनी प्रसाद,दिनेश खरवार, भीम मौर्या, नगई प्रसाद के साथ साथ अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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Aditya Prakash Srivastva