पूर्वी चम्पारण बिहार मोतिहारी राज्य

मोतिहारी(पू.चं.) :: जिले की खास खबरें एकसाथ

News
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

केतन कुमार श्रीवास्तव, कुशीनगर केसरी/ kknews24 ढाका,मोतिहारी(पू.च.) रिपोर्ट…..

शिक्षक के दोनों बेटे बने आर्मी ऑफिसर

ढ़ाका :: पूर्वी चंपारण जिले के छाेटे से गांव पदुमकेर के कन्या विद्यालय के शिक्षक राकेश रंजन बच्चाें में देश की सेवा की भावना जगा रहे हैं। उन्हाेंने गांव में इसके लिए एक मिसाल भी पेश की है। उन्हाेंने अपने दाेनाें बेटाें अभिषेक व अविनाश रंजन काे इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट बना दिया। राकेश रंजन ने बताया कि शनिवार काे उनके लिए गर्व का क्षण था। बड़े बेटे अभिषेक रंजन के कंधाें पर भारतीय सेना का स्टार सजाकर उनकी खुशी दाेगुनी हाे गई। छाेटा बेटा अविनाश रंजन छह माह पहले ही इंडियन आर्मी  में कमीशन्ड हुआ है। उन्हाेेंने कहा कि गांव में बच्चाें के बीच देश की सेवा करने की भावना जगाना उन्हाेंने अपने स्वर्गीय पिता राज नारायण झा से सीखा। जब हम काेई बात कहें और उसका उदाहरण दें ताे उसका प्रभाव दाेगुना हाे जाता है।
बेटे लेफ्टिनेंट अभिषेक रंजन ने बताया कि बचपन से पापा से देशभक्ति की बातें सुनकर हमेशा राेमांचित हाे जाता था। वह इंडियन फ्रीडम स्ट्रगल और  इंडियन आर्मी की 1965 और 1972 की जीत की कहानियां सुनाते थे। सैनिक स्कूल, कपूरथला में 2006 से 2013 तक पढ़ा। पर दाखिला नहीं हाे सका। पिता ने तब दुबारा प्रेरित किया और  2015 में नेशनल डिफेंस एकेडमी में दाखिला मिल गया। यहां तीन साल की ट्रेनिंग के बाद इंडियन मिलिट्री एकेडमी, देहरादून में एक साल की ट्रेनिंग की।
लेफ्टिनेंट अविनाश रंजन ने बताया कि बड़े भाई अभिषेक से पहले एनडीए में दाखिला मिला ताे खुशी ताे थी पर बड़े भाई के लिए दुखी था। तब पापा ने कहा कि तुम आगे बढ़ाे, भइया में जल्द ही पहुंचेगा। उन्हाेंने हम दाेनाें भाइयाें पर बहुत भराेसा जताया। हमें हमेशा जीवन में पाॅजिटिव रहने के लिए प्रेरित करते हैं। इंडियन आर्मी  में 2018 में कमीशंड हाेने के बाद 26 राजपूत जम्मू-कश्मीर में पाेस्टिंग मिली। अब इंडियन आर्मी में शामिल हाेकर गर्व हाेता है कि पापा ने हम दाेनाें भाइयाें काे आर्मी  के लिए प्रेरित किया। वह खुद आर्मी  में जाना चाहते थे।

पंचायत सेवक की हत्या को लेकर मौनसभा का आयोजन

पूर्वी चम्पारण :: पताही प्रखंड परिसर में पंचायत सेवक रामाज्ञा बैठा की हत्या को लेकर मौनसभा का आयोजन किया गया। अध्यक्षता बीडीओ मनोज कुमार ने की। कार्यक्रम के दौरान बीडीओ एवं अन्य पदाधिकारियों ने 2 मिनट का मौन रखकर पंचायत सेवक रामाज्ञा बैठा के आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। मौनसभा के बाद बीडीओ मनोज कुमार के द्वारा प्रखंड के सभी कार्यालय के कार्य को स्थगित करते हुए बंद करा दिया गया। बीडीओ श्री कुमार ने कहा कि रामाज्ञा बैठा फेनहारा प्रखंड कार्यालय में पंचायत सेवक के रूप में कार्यरत थे जिनकी हत्या अपराधियों द्वारा 8 जून की रात पताही बलुआ पथ में कर दी गई है। जिसको लेकर अनुमंडल के सभी पदाधिकारी काफी चिंतित हैं। शोक व्यक्त करने वालों में ,मुखिया संघ अध्यक्ष अनिल कुमार, मुखिया वेदानंद झा, भूपेंद्र बैठा, रोहित कुमार, अजय कुमार पाठक, मनोज झा, शंभू शरण सिंह, अनिल कुशवाहा, चतुरी बैठा, अशोक मेहता, लक्ष्मीकांत राय, वसीर मियां।

मोतिहारी :: कोटवा में चाकू गिरोह ने एक और घटना को दिया अंजाम। स्वर्ण व्यवसाई गुड्डू साह के सिर चाकू मार आधा किलो चांदी, 5 ग्राम सोना के जेवर के साथ 8000 नकदी व मोबाईल लूटा। कोटवा थाना के हेमनछपरा में घटना को दिया अंजाम। पिछले तीन दिनों में चाकू से हमला कर लूटने की दूसरी घटना।

टूटा सिकरहना का रिग बांध तो फैलेगी दस पंचायतों में तबाही

मोतिहारी :: जिले में चल रहे बाढ़ से बचाव के कार्यो की धीमी गति ने लोगों की मुश्किल बढ़ा दी है। सुगौली प्रखंड की कई पंचायतों से होकर निकली सिकरहना नदी का रिग बांध कई जगहों पर बेहद कमजोर स्थिति में है। बांध की जर्जर स्थिति को देख लोगों का कलेजा अभी से फट रहा है। अब से दो साल पहले आई भयावह बाढ़ को याद कर सहमे लोग कहते हैं- बांध को मजबूती देने का काम अब तक नहीं हुआ। मानसून आने में देरी हुई है। यदि इस बार बांध टूटा तो बड़ी तबाही होगी। इन पंचायतों में सर्वाधिक है खतरा स्थानीय लोग बताते हैं कि यदि बांध की यहीं स्थिति रही और सिकरहना ऊफनाई तो प्रखंड की 16 पंचायतों में से दस से ज्यादा पंचायतों की बड़ी आबादी तबाही झेलने को मजबूर होगी। उनमें उतरी छपरा बहास, शुकुल पाकड़, माली, दक्षिणी मनसिघा, उत्तरी सुगांव, करमवा रघुनाथपुर, उत्तरी मनसिघा, पंजिअरवा, बगही प्रमुख हैं। बताते हैं कि लालपरसा, डुमरी, माली, बिगुइया, कैथवलिया, भवानीपुर, सपहा, गोढ़ीगावा, लक्ष्मीपुर, कोना के अलावा करीब दर्जन भर अन्य गांवों के पास बांध की स्थिति ठीक नहीं है। अधिकारी करते मनमानी, 2016 के बाद नहीं हुई मरम्मत माली पंचायत के मुखिया महेश सहनी बताते हैं 2016 से अब तक रिग बांध की मरम्मत अधिकारियों की लापरवाही के कारण नहीं हो सकी। 2017 में आई बाढ़ में दर्जनों लोगों के घर बर्बाद हो गए। करीब 25 हजार से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हुए। अधिकारी अपने मन की करते हैं। तबाही आम आदमी झेलता है। रवि पटेल बताते हैं- बांध मरम्मत के नाम पर केवल खानापूर्ति कर ली जाती है। शिकायत करने पर भी अधिकारी कोई कार्रवाई नहीं करते। मरम्मत काम में लगे मजदूरों को नहीं मिली मजदूरी।

प्रखंड मुखिया संघ अध्यक्ष अंगद चौरसिया ने बताया कि उत्तरी छपरा बहास पंचायत में 2018 में सात लाख खर्च कर बांध की मरम्मत कराई गई। लेकिन, मजदूरों को अब तक मजदूरी नहीं मिली। जब तक पूरे बांध की मरम्मत नहीं होगी बाढ़ से पूर्ण सुरक्षा नहीं होगी। ग्रामीण सुनील सहनी, सतेंद्र सिंह, सरपंच संजय पांडेय, रंजन सहनी, धर्मेंद्र गुप्ता, अंगद सहनी, पंसस एकराम हुसैन, गंगा राम, शिवकुमार सहनी, मुन्ना कुशवाहा आदि बताते हैं- रिग बांध की स्थित बहुत ही दयनीय है। भगवान ना करे, बाढ़ अभी आ जाए तो तबाही सामने होगी। लाखों खर्च होता है। लेकिन, निगरानी नहीं होती। नतीजा मरम्मत काम में देरी होती है और बरसात में अधिकारी कह देते हैं मिट्टी बह गई।

बौद्ध स्तूप पर चल रहे विकास कार्यों की गति करें तेज : राधामोहन

● लोकसभा चुनाव में जीत के बाद पहली बार केसरिया पहुंचे पूर्व केंद्रीय मंत्री सह सांसद राधामोहन सिंह का बौद्ध स्तूप के पास भव्य स्वागत किया गया।

मोतिहारी :: लोकसभा चुनाव में जीत के बाद पहली बार केसरिया पहुंचे पूर्व केंद्रीय मंत्री सह सांसद राधामोहन सिंह का बौद्ध स्तूप के पास भव्य स्वागत किया गया। श्री सिंह ने कार्यकर्ताओं को चुनाव में किए गए किए गए मेहनत के लिए धन्यवाद किया। इसी क्रम में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास कार्यो की समीक्षा की व चल रहे कार्यो में तेजी लाने का निर्देश दिया। सौंदर्यीकरण व तत्काल बैठने के लिए और बेंच के साथ अतिथि गृह का जीर्णोद्धार कार्यो को जल्द पूर्ण करने की बात कही। बौद्ध स्तूप परिसर में परिक्रमा पथ, जो जगह उत्खन्न से वंचित जगहों की सफाई कराने के साथ विभाग से जल्द से जल्द स्वीकृति दिलाने की बात कही। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के उप पुरातत्वविद डॉ. बीडी सिंह, सहायक पुरातत्व विद डॉ. अनुराग कुमार को विभाग में किसी तरह के परेशानी की स्थिति में मदद करने की बात कही। बौद्ध स्तूप के भ्रमण के उपरांत श्री सिंह ने बाबा केसरनाथ मंदिर पहुंच पूजा-अर्चना की। मौके पर कल्याणपुर विधायक सचिद्र प्रसाद सिंह, भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष रामशरण प्रसाद यादव, अमरेंद्र सिंह, लोजपा के जिलाध्यक्ष धरनीधर मिश्रा, उप प्रमुख दुष्यंत सिंह राजू, आनंद सिंह, मंडल अध्यक्ष, शंभू महतो, शंभू पांडेय, महिबुलाह खान, मो इम्तियाज, सहेंद्र प्रसाद यादव, जगन्नाथ यादव, शैलेन्द्र गिरी, विस्तारक सुमित सिंह समेत कई लोग मौजूद थे।

About the author

Aditya Prakash Srivastva