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मझौलिया(प.चं.) :: शराब ब्रिकेताओं और माफियाओं से वसूली जब बंद होगा तभी जहरीली शराब से मौत का तांडव होगा बंद : भाकपा-माले

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::– उत्पाद एवं मद्य निषेध अधिक्षक और नरकटियागंज और रामनगर डीएसपी को बर्खास्त करों- सुनील कुमार राव। ::– उत्पाद एवं मद्य निषेध मंत्री इस्तीफा की उठी मांग। ::– जनसंहार रचाने वाली स्प्रिट माफियाओं पर हो एफआईआर। ::– शराब माफियाओं से वसूली का काम छोड़ उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग गाँव गाँव चलाये जागरूकता अभियान।

विजय कुमार शर्मा, कुुशीनगर केसरी/kknews24, बिहार(१९ जुलाई)। जहरीली शराब मौत कांड के खिलाफ भाकपा-माले ने रेलवे स्टेशन आक्रोश मार्च करते हुए समाहरणालय गेट पर प्रदर्शन किया। थानेदार और चौकीदारों पर कार्रवाई का नाटक बंद करो, जहरीली शराब पीने से अंधे हुए लोगों को मुफ्त इलाज कराओ, जनसंहार रचाने वाली स्प्रिट माफियाओं पर एफआईआर कर गिरफ्तार करो। उत्पाद एवं मद्य निषेध मंत्री इस्तीफा दो, उत्पाद एवं मद्य निषेध अधिक्षक और नरकटियागंज और रामनगर डीएसपी को बर्खास्त करों, पिडित परिवार को दस लाख मुआवजा दो, आदि नारा लगाते रहें, सभा को माले नेता सुनील कुमार राव ने कहा कि नीतीश सरकार शराब बंदी के प्रति गंभीर है तो सबसे पहले शराब माफियाओं से वसूली करने वाले उत्पाद एवं मद्य निषेध अधिक्षक और नरकटियागंज और रामनगर डीएसपी को बर्खास्त करें।
माले नेता रविन्द्र कुमार रवि ने कहा की सर्वविदित है कि थाने और चौकिदार तो महज हुक्म के गुलाम है, इस लिए नीतीश कुमार सबसे पहले शराब मंत्री सुनील कुमार का इस्तीफा ले, और पिडित परिवार को दस लाख मुआवजा देने का काम करें, आगे कहा कि जब तक शराब ब्रिकेताओं और माफियाओं से वसूली का धंधा बंद नहीं होगा तब तक जहरीली शराब से मौत का तांडव बंद नहीं होगा। भाकपा-माले नेता संजय राम ने कहा कि केवल गरीब शराब विक्रेताओं की गिरफ्तारी से शराब का अवैध धंधा नहीं ररुकेगा, बल्कि स्प्रीट माफियाओं और बड़े शराब कारोबारियों की गिरफ्तारी जरूरी है, उन लोगों पर शराब से हुई इस जनसंहार का मुकदमा दर्ज किया जाये, इनके अलावा माले नेता जवाहर प्रसाद, रिखी साह, विनोद कुशवाहा, हारून गद्दी, भरत ठाकुर, हाकिम मियां, योगेन्द्र यादव, धर्म कुशवाहा, कमरूल होदा, इनौस नेता संजय मुखिया, सुनील गिरी, सुजायत अंसारी, इसलाम अंसारी, डा आलम, सुरेश शर्मा, भीखारी प्रसाद, ठाकुर साह आदि शामिल थे।

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Aditya Prakash Srivastva